ड्राइविंग लाइसेंस को लेकर केंद्र सरकार की नई व्यवस्था, नए कानून को लाने की तैयारी

0
8
ड्राइविंग लाइसेंस को लेकर केंद्र सरकार की नई व्यवस्था, नए कानून को लाने की तैयारी

नई दिल्ली| ड्राइविंग लाइसेंस को लेकर केंद्र सरकार एक नई व्यवस्था शुरू करने जा रही है| केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने बताया है कि सरकार जल्द ड्राइविंग लाइसेंस को आधार से जोड़ना जरूरी करने वाली है| पंजाब के फगवाड़ा में लवली प्रोफेशनल विश्वविद्यालय में 106वीं भारतीय विज्ञान कांग्रेस में अपने अध्यक्षीय संबोधन में कानून और इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री ने कहा,  हम जल्द एक कानून लाने जा रहे हैं जिसके बाद ड्राइविंग लाइसेंस को आधार से जोड़ना अनिवार्य होगा|

क्यों बनाया जा रहा है  केंद्र सरकार दवारा नया नियम :

लाइसेंस को आधार से जोड़ना जरूरी करने की वजह बताते हुए केंद्रीय मंत्री ने कहा, ‘अभी यह होता है कि दुर्घटना करने वाला कसूरवार व्यक्ति मौके से भाग जाता है और डुप्लीकेट लाइसेंस प्राप्त कर लेता है| लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। आधार कार्ड से ड्राइविंग लाइसेंस के लिंक होने से आारोपी जल्दी ही पकड़ा जाएगा। हम कानून में जल्द एक और बड़ा बदलाव करने वाले हैं जो बिल संसद में लंबित है। इसके अप्रूव होते ही मोटर वाहन लाइसेंस के साथ आधार को लिंक करना अनिवार्य कर दिया जाएगा। आधार से जोड़ने के बाद, आप भले ही अपना नाम बदल लें लेकिन आप बॉयोमीट्रिक्स नहीं बदल सकते हैं| आप न आंख की पुतली को बदल सकते हैं और न ही उंगलियों के निशान को| गौरतलब है कि इस नियम को लागू किए जाने के बाद अगर कोई व्यक्ति डुप्लीकेट लाइसेंस बनवाने के लिए जाएंगा तो प्रणाली कहेगी कि उस व्यक्ति के पास पहले से ड्राइविंग लाइसेंस है और उसे नया लाइसेंस नहीं दिया जाना चाहिए|

बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने 26 सितंबर को सुनाए अपने फैसले में आधार की संवैधानिक वैधता को तो बरकरार रखा था, लेकिन कई सेवाओं और मामलों के लिए इसकी अनिवार्यता को खत्म कर दिया था। बेंच ने अपने फैसले में कहा था कि आधार यूजीसी, सीबीएसई और निफ्ट जैसी संस्थाएं आधार नहीं मांग सकती हैं। साथ ही स्कूल, मोबाइल कंपनियां और निजी कंपनियां भी आधार नहीं मांग सकती हैं।

शेयर करें
Shivani Jain
शिवानी रोजगार रथ में रिपोर्ट है। शिवानी ने राजनीति, बिजनेस और अन्य न्यूज़ से संबंधित कई न्यूज़ लिखी है। उन्होंने वर्ष 2014 से रिपोर्टिंग शुरू की थी। दो साल के बाद शिवानी ने वर्ष 2016 से रोजगार रथ में काम करना शुरू किया।